हरकत करती है अंखिया तेरी...

हरकत करती है अंखिया तेरी,
सबसे नजर बचा के,
कोई देख ना सका इन्हें,
दिल ले गयी चुरा के।

सोचते हैं जब हम
कुछ भी,
आती है तेरे नाम की,
हिचकी,
दिल के हर तार,
तुझसे जुड़ गए,
जिंदगी के हर रुख़,
तेरी ओर मुड़ गए।

ऐसा चला जादू,
मन हो गया बेकाबू,
खुद का ना कुछ खबर है,
ये तो प्यार का असर है,
दिल धड़कता है धक-धक,
जब तु देखे शरमा कर,
पलकें झुका कर,
नजरे बचा कर।

हरकत करती है अंखिया तेरी,
सबसे नजर बचा के,
कोई देख ना सका इन्हें,
दिल ले गयी चुरा के।

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